- आज 12-12 घंटे का दिन-रात: उज्जैन की जीवाजी वेधशाला में वसंत संपात देखने पहुंचे छात्र-खगोलप्रेमी, आज से दिन होंगे लंबे
- 30 रोजों के बाद मनाई गई ईद: इंदिरा नगर ईदगाह में बड़ी संख्या में पहुंचे लोग, नमाज के बाद गले मिलकर बांटी खुशियां; पुलिस ने बढ़ाई सतर्कता
- शेषनाग मुकुट और मुण्ड माला से सजे बाबा महाकाल: तड़के भस्म आरती में भक्त हुए भाव-विभोर, ‘जय श्री महाकाल’ से गूंजा परिसर!
- उज्जैन में ‘नैवेद्य लोक’ बना नया फूड हब: CM ने किया था उद्घाटन, शाम 5 से रात 10 बजे तक लगेंगे फूड स्टॉल्स
- उज्जैन में चेटीचंड पर भव्य शोभायात्रा: CM मोहन यादव ने दिखाई हरी झंडी, झूलेलाल के जयकारे गूंजे
कार्तिक मास की पहली सवारी कल, शाम 4 बजे मंदिर से होगी रवाना; ठाट-बाट के साथ नगर भ्रमण पर निकलेंगे बाबा महाकाल
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
उज्जैन एक धार्मिक नगरी है और यहाँ के राजा बाबा महाकाल हैं। राजा होने के नाते भगवान हर पर्व-त्योहार पर नगर भ्रमण पर निकलते हैं। ऐसे में श्रावण-भादौ और दशहरा पर्व के बाद राजाधिराज भगवान महाकाल कार्तिक एवं अगहन मास में भी भक्तों को दर्शन देने के लिए राजसी ठाट-बाट से नगर भ्रमण पर निकलेंगे।
इसमें दो सवारी कार्तिक मास और दो सवारी अगहन मास में निकलेगी। कार्तिक-अगहन मास में पहली सवारी 4 नवंबर यानी की कल निकाली जाएगी। दूसरी सवारी 11 नवंबर को निकलेगी। 14 नवंबर को बैकुंठ चतुर्दशी पर हरिहर मिलन होगा। इसके बाद तृतीय सवारी अगहन मास में 18 नवंबर को निकलेगी। कार्तिक-अगहन मास की अंतिम सवारी 25 नवंबर को धूमधाम से निकाली जाएगी।
ये है सवारी का रूट
कार्तिक मास की पहली सवारी 4 नवंबर को सांय 4 बजे मंदिर से प्रारंभ होकर गुदरी चौराहा, बक्षी बाजार, कहारवाड़ी होते हुए रामघाट शिप्रा तट पहुंचेगी। यहां भगवान श्री महाकालेश्वर का मां शिप्रा के जल से पूजन और अभिषेक किया जाएगा। वापसी के समय, सवारी रामघाट से गणगौर दरवाजा, मोढ़ की धर्मशाला, कार्तिक चौक, खाती का मंदिर, सत्यनारायण मंदिर, ढाबा रोड, छत्री चौक, गोपाल मंदिर, पटनी बाजार और गुदरी चौराहा होते हुए महाकालेश्वर मंदिर लौटेगी।